Joshimath Tapovan Devbhoomi

[हमारा गीत, हमारी पछ्याण]

अपनी सांस्कृतिक परम्परा धरोहर एवं संस्कृति के प्रचार एवं प्रसार हेतु हम जोशीमठ तपोवन देवभूमि पेज एवं यूट्यूब के माध्यम से प्रयास कर रहे हैं। उत्तराखण्ड की धरती विभिन्न सांस्कृतिक धरोहरों को अपने आप मे संजोये हुवे है। विभिन्न परम्पराएं यहां की अमूल्य थाती है। पंच प्रयाग, पंच बद्री पंचकेदार यहां की अमूल्य निधि हैं। पांडव नृत्य बगडवाल नृत्य यहां की विलक्षण धरोहर है। रम्माण जैसे वैश्विक धरोहर हमारे गढ़भूमि का गौरव हैं, लोक नन्दा राज जात यात्रा बिश्व की सबसे बड़ा धार्मिक आयोजन व यात्रा है। नन्दा भूमियाल यहां के कण कण में वास करते हैं। मुखौटा नृत्य हिमालय के माथे पर मुकुट से विराजित है। फुल्यारी यहां की समृद्ध परंपरा की धोतक है। आईये आप भी इस परम्परा व संस्कृति का हिस्सा बने एवं जुड़ियेगा जोशीमठ तपोवन देवभूमि से हमको इस परम्परा के प्रचार एवं प्रसार हेतु एक माध्यम बनाएं । यूट्यूब चैनल से जुड़िये एवं चैनल को सब्सक्राइब कीजिये। धन्यवाद
रवि थपलियाल 'पैनखण्डी'
9634795448
7253800841
Follow me on Instagram
www.instagram.com/garhwali_kalakaar/?hl=en
#Ravithapliyal