हर इबादत से पहले, हर इम्तेहा के बाद
जाते_ए_नबी बुलंद है,जाते_ए_खुदा के बाद
दुनिया मै आहतरम के
काबिल है जितने लोग
मै सबको मानता हूं
मगर मुस्तफा के बाद