Prateekvastu (Narsi)

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Prateekvastu (Narsi)

शनि वास्तविकता (Reality) है, जबकि राहु भ्रम (Illusion) और तात्कालिक आकर्षण (Hype) है। #astrology

1 month ago | [YT] | 176

Prateekvastu (Narsi)

नचिकेता और यमराज का संवाद केवल एक आध्यात्मिक कथा नहीं है। यह astrology के अनुसार 8वें भाव की यात्रा है।

8वां भाव मृत्यु, भय, रहस्य, परिवर्तन, छिपे हुए सत्य और गहरी जागृति को दिखाता है। नचिकेता उस साधक का प्रतीक है जो अंधकार से भागता नहीं, बल्कि मृत्यु के द्वार पर बैठकर सबसे बड़ा प्रश्न पूछता है।

जब पिता क्रोध में कहते हैं, “मैं तुझे मृत्यु को देता हूँ,” तब नचिकेता यमराज के पास चला जाता है। यह दिखाता है कि जीवन कभी-कभी व्यक्ति को संकट, भय या हानि के माध्यम से गहरे सत्य तक ले जाता है।

नचिकेता तीन दिन तक यमराज के द्वार पर प्रतीक्षा करता है। यह शनि की परीक्षा है — धैर्य, अनुशासन और गंभीरता की परीक्षा। सच्चा ज्ञान बेचैन मन को नहीं मिलता।

यमराज उसे धन, सुख, लंबी आयु, भोग और संसार की सफलता देते हैं। यह शुक्र, चंद्र, राहु और 11वें भाव की परीक्षा है। लेकिन नचिकेता इन सब नश्वर चीजों को छोड़कर केवल एक प्रश्न पूछता है:

मृत्यु के बाद क्या होता है?

यही केतु और 8वें भाव की उच्च अवस्था है। जब सत्य की इच्छा, सुख की इच्छा से बड़ी हो जाती है।

तब यमराज उसे बताते हैं कि आत्मा न जन्म लेती है, न मरती है। शरीर बदलता है, लेकिन आत्मा शाश्वत रहती है।

Astrology के अनुसार यह कथा सिखाती है कि जब जीवन में 8वां भाव, शनि या केतु सक्रिय हो जाए, तो भय से भागना नहीं चाहिए। उसे समझना चाहिए, उसका सामना करना चाहिए और उसके माध्यम से transform होना चाहिए।

यमराज केवल मृत्यु के देवता नहीं हैं। सच्चे साधक के लिए यमराज परम सत्य के गुरु बन जाते हैं।

नचिकेता उस आत्मा का प्रतीक है जो comfort के ऊपर wisdom, temptation के ऊपर truth और fear के ऊपर liberation को चुनती है।

1 month ago | [YT] | 53

Prateekvastu (Narsi)

Remedy of moon #astrology

1 month ago | [YT] | 150

Prateekvastu (Narsi)

Moon का सबसे बड़ा remedy सिर्फ चांदी पहनना या दूध दान करना नहीं है।

Moon mother को दिखाता है, और इस पूरी प्रकृति को भी हमारी mother माना गया है। #astrology

2 months ago | [YT] | 150

Prateekvastu (Narsi)

बृहस्पति और शनि के बीच कितने भाव की दूरी और ज्ञान का उपयोग
#learnastrology
https://youtu.be/xnpfnbwnc6w

2 months ago | [YT] | 139

Prateekvastu (Narsi)

Today is Padmini Ekadashi…

Padma means Lotus,
and Padmini means lotus pond —
या वह शक्ति जो pure, graceful और beautifully divine हो।

कमल की सबसे बड़ी खूबसूरती यही है —
वह कीचड़ में जन्म लेता है,
लेकिन कीचड़ को अपने ऊपर नहीं चढ़ने देता।

इसीलिए Padmini Ekadashi हमें सिखाती है:
दुनिया में रहो,
लेकिन दुनिया की अशुद्धि को अपने मन पर मत चढ़ने दो।

यह Ekadashi सामान्य Ekadashi नहीं है।
यह केवल Purushottam Maas में आती है,
जो भगवान Vishnu ji को समर्पित माना जाता है।

इस दिन का vrat केवल भूखा रहने का नाम नहीं है।
Vrat का अर्थ है —
अपने मन को Vishnu tattva के पास ले जाना।
#Vishnu #vedicastrology

2 months ago | [YT] | 157

Prateekvastu (Narsi)

Rahu 4 and 10 #astrologypost

3 months ago | [YT] | 69

Prateekvastu (Narsi)

Mercury (बुध) को मजबूत करने के असली उपाय

1. लिखना ही manifestation है
बुध का सीधा संबंध communication से है।
Daily journaling, goals लिखना, ideas लिखना—ये सब आपकी reality को shape करते हैं।
जो लिखोगे, वही सोचोगे… जो सोचोगे, वही बनोगे।

2. Plants = Living Mercury Energy
घर में plants रखना, उन्हें पानी देना—ये सिर्फ decoration नहीं है।
बुध प्रकृति से जुड़ा ग्रह है, खासकर green energy से।
Tulsi की सेवा करने से clarity और decision-making strong होती है।

3. Vishnu Sahasranama का उच्चारण
सिर्फ सुनना नहीं—खुद बोलना।
Speech + rhythm + memory = बुध activation
ये mind को organize करता है और speech को powerful बनाता है।

4. New Skills = बुध की growth
Language सीखना, communication improve करना, कोई भी skill सीखना—
बुध stagnant नहीं रह सकता।
जितना सीखोगे, उतना बुध मजबूत होगा।

5. Music और Voice Work
गाना, instrument सीखना—ये voice chakra और बुध दोनों को activate करता है।
Speech clear होती है, expression strong होता है।

6. Grounding और Diet
घास पर नंगे पैर चलना = nervous system reset
Raw food (fresh fruits/vegetables) = बुध की purity
ये overthinking को कम करता है।

7. बच्चों से connection
बुध young energy है।
बच्चों के साथ समय बिताना, उन्हें सिखाना—ये बुध को natural strength देता है।
छोटी कन्याओं को treat देना भी इसी energy को balance करता है। #vedicastrology

3 months ago | [YT] | 286

Prateekvastu (Narsi)

राहु जिस भाव में बैठता है, वहाँ व्यक्ति को सामान्य रास्ते से हटाकर असामान्य अनुभवों में ले जाता है। इसलिए इसके उपाय भी ऐसे होने चाहिए जो व्यक्ति को जमीन से जोड़ें, मन को स्थिर करें और कर्म को शुद्ध करें।

राहु प्रथम भाव में
अपने व्यक्तित्व को स्थिर रखें, जल्दबाजी और शॉर्टकट से बचें। रोज़ाना किसी न किसी रूप में जमीन से जुड़ने की आदत बनाएं और आवारा कुत्तों को भोजन कराना लाभकारी रहता है।

राहु द्वितीय भाव में
वाणी पर नियंत्रण रखें और लालच से दूरी बनाएं। झूठ बोलने से बचें और समय-समय पर काले या गहरे नीले रंग की वस्तुओं का दान करें।

राहु तृतीय भाव में
अपनी जिद और जुनून को किसी स्किल या कला में लगाएं। दूसरों को प्रभावित करने के लिए छल-कपट से बचें। रोज़ लिखने या जर्नलिंग की आदत मन को संतुलित करती है।

राहु चतुर्थ भाव में
घर का वातावरण शांत और सादा रखें। भावनात्मक नाटक और अनावश्यक तनाव से बचें। शाम के समय दीपक जलाना मानसिक स्थिरता देता है।

राहु पंचम भाव में
जोखिम भरे निवेश और सट्टे से बचें। अपनी क्रिएटिविटी को सही दिशा में लगाएं। बच्चों या युवाओं को सही मार्गदर्शन देना राहु को संतुलित करता है।

राहु षष्ठम भाव में
जरूरतमंद और कमजोर लोगों की सेवा करें। दिनचर्या को साफ और अनुशासित रखें। किसी भी तरह की लत पर विजय पाने का प्रयास करें।

राहु सप्तम भाव में
रिश्तों में पारदर्शिता रखें। गुप्त संबंधों और धोखे से बचें। सीमाएं स्पष्ट रखें और ईमानदारी से रिश्तों को निभाएं।

राहु अष्टम भाव में
गूढ़ ज्ञान या रहस्यमयी विषयों का अध्ययन जिम्मेदारी से करें। हर चीज़ को कंट्रोल करने की आदत से बचें। नियमित ध्यान करना बहुत जरूरी है।

राहु नवम भाव में
परंपराओं और धर्म का सम्मान करें। झूठे गुरु या गलत मार्गदर्शन से बचें। यात्रा करें, लेकिन उद्देश्य और विनम्रता के साथ।

राहु दशम भाव में
अपने काम में नैतिकता बनाए रखें। केवल नाम और प्रसिद्धि के पीछे भागने से बचें। काम करने वाले लोगों या सफाई कर्मचारियों की मदद करना शुभ होता है।

राहु एकादश भाव में
सच्चे और ईमानदार लोगों का साथ चुनें। लालच के कारण बनने वाले संबंधों से दूर रहें। अपनी कमाई का कुछ हिस्सा दूसरों के साथ साझा करें।

राहु द्वादश भाव में
भागने की प्रवृत्ति और व्यसनों पर नियंत्रण रखें। नींद का सही समय और अनुशासन बनाए रखें। अस्पताल या आश्रम में दान करना मन को शुद्ध करता है।
#astrology #rahuupay #vedicjyotish

3 months ago | [YT] | 140

Prateekvastu (Narsi)

नवम भाव का स्वामी आपकी कुंडली में सबसे बड़ा सहायक होता है। यह भाग्य, गुरु कृपा और जीवन की दिशा को मजबूत करता है। इसलिए हमेशा ऐसे कार्य करने चाहिए जो नवम भाव के स्वामी को मजबूत करें।

यदि नवम भाव का स्वामी Jupiter हो, तो ज्ञान और धर्म से जुड़े कार्य करना बहुत शुभ होता है। जैसे कि गुरुजनों का सम्मान करना, बच्चों को शिक्षा में मदद देना, या धार्मिक और आध्यात्मिक विषयों का अध्ययन करना। इससे आपका भाग्य धीरे-धीरे खुलने लगता है। #astrology

4 months ago | [YT] | 51